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Sunday, 1 November 2020

श्री काशी विश्वनाथ कॉरिडोर अद्भुत एवं अकल्पनीय होगा-योगी आदित्यनाथ

कैलाश सिंह विकास वाराणसी


श्री काशी विश्वनाथ कॉरिडोर अद्भुत एवं अकल्पनीय होगा-योगी आदित्यनाथ



  वाराणसी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को अपने वाराणसी दौरे के दौरान सर्किट हाउस सभागार में वाराणसी जनपद के विकास एवं निर्माणाधीन परियोजनाओं के प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। जनपद में 9259.71 करोड़ रुपये की 136 बड़ी प्रमुख परियोजनाएं निर्माणाधीन है। जिसमे से 401.93 करोड़ रुपये की 26 परियोजनाएं इसी माह के अंत तक पूर्ण हो जाएंगी। 7.74 करोड़ रुपये की 2 परियोजनाएं नवंबर एवं 915.39 करोड रुपये की 25 परियोजनाएं इसी वर्ष दिसंबर महीने तक पूर्ण हो जाएंगी। जबकि 3396.26 करोड़ रुपये की 39 परियोजनाएं अगले वर्ष मार्च, 1827.94 करोड़ रुपये की 39 परियोजनाएं दिसंबर 2021 तथा 2710.46 करोड़ रुपये की 5 परियोजनाएं दिसंबर 2021 के बाद पूर्ण हो जाएंगी।
         अब तक पूर्ण हो चुकी परियोजनाओं में बीएचयू में 45 करोड़ रुपये लागत का 100 बेडेड एमसीएच विंग, 60.63 करोड़ रुपये से 80 अध्यापकों के आवास, 29.63 करोड़ रुपये से रीजनल आर्थ्रोलॉजी विंग, 19 करोड़ रुपये के गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के विभिन्न स्थिति आदि कार्य, सेवापुरी ब्लाक में वृहद गौ संरक्षण केंद्र, केंद्रीय कारागार की बाउंड्री वाल, एयरपोर्ट पर यात्री निवास ब्रिज, 18.46 करोड़ रुपये से श्री लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल रामनगर का अपग्रेडेशन, सीड स्टोर निर्माण, आईपीडीएस फेस-2 के 118.20 करोड़ रुपये के विद्युत के कार्य, राजकीय बालिका पॉलिटेक्निक में बिल्डिंग निर्माण, 8.75 करोड़ रुपये  से स्पोर्ट्स स्टेडियम में इंफ्रास्ट्रक्चर विकास कार्य, सारनाथ में लाइट एंड साउंड शो, पंडित दीनदयाल अस्पताल में 50 बेडेड महिला विंग निर्माण, शहर के 21 रोड जंक्शन के विकास कार्य, वाराणसी शहर मे 23 करोड़ रुपये से स्मार्ट लाइटिंग कार्य, साधन सहकारी समिति कपसेठी में 100 मेट्रिक टन गोदाम निर्माण, 108 सामुदायिक शौचालय, 105 आंगनवाड़ी केंद्र, ग्राम पंचायतों में बने 101 गौशालाओं आदि कार्य पूर्ण हो चुके हैं। अवशेष निर्माणाधीन कार्यों को समय सीमा व गुणवत्ता के साथ चरणबद्ध रूप में पूरा किया जा रहा है।
        804 करोड़ रुपये लागत की सुल्तानपुर- वाराणसी के फोरलेन चौड़ीकरण राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजना का कार्य इसी वित्तीय वर्ष के अंत तक पूर्ण हो जाएगा। 785 करोड़ रुपये की फोरलेन चौड़ीकरण घाघरा ब्रिज-वाराणसी सेक्शन परियोजना भी इसी वित्तीय वर्ष के अंत तक पूर्ण होकर जन सेवा को समर्पित होगी। वाराणसी- गाजीपुर फोरलेन चौड़ीकरण सड़क जिसकी परियोजना लागत 868.50 करोड़ रुपये हैं, भी मार्च, 2021 तक पूर्ण हो जाएगी। वाराणसी के रिंग रोड फेज-2 की 1354.67 करोड़ रुपये की परियोजना पर तेजी से कार्य हो रहा है। अगले वित्तीय वर्ष के अंत तक यह पूर्ण हो जाएगा। राजमार्गों के ये चौड़ीकरण वाराणसी के रोड कनेक्टिविटी में मील के पत्थर साबित होगे। पंचकोसी परिक्रमा मार्ग, भिखारीपुर तिराहे से एनएच-2 तक चौड़ीकरण, कैंट से पड़ाव मार्ग का चौड़ीकरण की तीनों परियोजनाएं 144 करोड़ रुपये की इसी वर्ष दिसंबर, 2020 तक पूर्ण हो जाएंगी। कपसेठी पर आरओवी व कालिकाधाम पर वरुणा नदी सेतु जून, 2021 तक बन जाएंगे। जो भदोही आगमन को बड़ी सहूलियत देंगे। वाराणसी-गाजीपुर मार्ग पर आरओबी, वरुणा पर कोनिया-सलारपुर सेतु अगले 4 माह में पूर्ण हो जाएंगे। लहरतारा-फुलवरिया मार्ग पर दो आरओवी, एक वरुणा नदी पर पुल तथा फोरलेन सड़क निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है और 40 फ़ीसदी कार्य पूर्ण हो चुका है। यह परियोजना अगले वर्ष दिसंबर, 2021 तक पूर्ण करने की रणनीति बनायी गई है। कुकिंग गैस पाइपलाइन से घरों में सप्लाई हेतु क्रियान्वित 345 करोड़ रुपये की परियोजना में 50 फ़ीसदी कार्य पूर्ण हो चुका है। 21360 घरों में जीआई पाइपलाइन इंफ्रास्ट्रक्चर का कार्य पूर्ण हो चुका है। बेहतर विद्युतीकरण व्यवस्था हेतु नगवा व अलईपुर में विद्युत सब स्टेशन निर्माण हो रहा है। शहर की समस्त शेष ओवरहेड लाइनों को भूमिगत केबल में परिवर्तित करने एवं आधुनिकीकरण करने की कार्य योजना पर कार्य किया जा रहा है। शहर में सुगम यातायात व्यवस्था सुनिश्चित कराये जाने हेतु वाहन पार्किंग की बेहतर सुविधा के लिए गोदौलिया पर दो पहिया वाहन पार्किंग, सर्किट हाउस के पास विशाल भूमिगत पार्किंग, बेनियाबाग में बड़ी भूमिगत पार्किंग, टाउनहॉल के पास पार्किंग स्थल तेजी से निर्माणाधीन है। बेहतर चिकित्सा व्यवस्था की दृष्टि से वाराणसी पूर्वी उत्तर प्रदेश सहित इससे जुड़े प्रदेशों के लिए चिकित्सा का हब बन गया है। बीएचयू में चिकित्सा विंग के विस्तारीकरण, मौलाना साद ट्रामा सेंटर व कैंसर इंस्टिट्यूट के विस्तारीकरण के अलावा विभिन्न राजकीय व मंडलीय चिकित्सालयों सहित ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा व्यवस्था का विस्तार व नवीनतम टेक्नोलॉजी युक्त बनाया जा रहा है। काशी के प्रसिद्ध गंगा घाटों को सुदृढ़ीकरण कराकर पर्यटकों के लिए आकर्षण बनाया जा रहा है। गंगा की स्वच्छता, निर्मलता व अविरलता हेतु विभिन्न एसटीपी का निर्माण, ट्रांस वरुणा सीवरेज, हाउस सीवरेज का एसटीपी से कनेक्शन आदि पर योजनाएं लागू की गई हैं।
          प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की विशेष रूचि एवं संदेश तथा केंद्र व राज्य सरकार के संयुक्त क्रियान्वयन से वृहद स्तर पर इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास हुआ। फलस्वरुप वाराणसी कई क्षेत्रों पूर्वी उत्तर प्रदेश सहित यहां से जुड़े अन्य प्रदेशों के लिए स्वास्थ्य, कनेक्टिविटी, कृषि एवं हैंडलूम उत्पाद व पर्यटन के क्षेत्र में हब बन रहा है। आज बनारस देश- दुनिया के नक्शे पर देश-विदेश के पर्यटकों को प्रमुखता से आकर्षित करता है। श्री काशी विश्वनाथ धाम निर्माण परियोजना काशी की पौराणिकता, धार्मिकता एवं आध्यात्मिकता को संजोए हुए आधुनिकता एवं नवीनता का अनुपम, भव्य सुविधायुक्त धाम होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का माँ गंगा एवं श्री काशी विश्वनाथ जी के प्रति अगाध विश्वास व आस्था से उनकी मंशा के अनुरूप बन रहे यह धाम विश्व की समस्त भारतवंशियों सहित विदेशियों के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा। यह पर्यटन की दृष्टि से भी आकर्षक, मनमोहक व सजीवटता होगी। श्री काशी विश्वनाथ धाम परियोजना में नक्काशीदार व चमकदार पत्थर सजने लगे हैं। इस परियोजना को अगस्त, 2021 तक पूर्ण करने हेतु युद्ध स्तर पर कार्य हो रहे हैं।
    
स्मार्ट सिटी में वाराणसी देश में प्रथम स्थान पर है

          259.43 करोड़ रुपए की 15 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं। स्मार्ट सिटी में शहर में 519.40 करोड़ रुपए की 22 परियोजनाएं एवं 51.52 करोड़ रुपए की 4 परियोजनाएं कन्वर्जेस के कार्य की प्रगति पर है। 87.36 करोड़ रुपए की 2 परियोजनाओं के कार्यों हेतु टेंडर प्रक्रिया की जा रही है। इसके अतिरिक्त 60 करोड़ रुपये की 2 परियोजनाएं अन्य विभाग की भी टेंडर प्रक्रिया जारी है। डॉक्टर संपूर्णानंद स्पोर्ट्स स्टेडियम में 22 करोड़ रुपए से फर्नीचर एवं खेल उपकरण व्यवस्था परियोजना का भी टेंडर प्रक्रिया की जा रही है।
         स्मार्ट सिटी में किए जा रहे प्रमुख कार्यों में नगर के बीचो-बीच मछोदरी में स्मार्ट स्कूल का 14.21 करोड़ रुपये से निर्माण जो अगले 3 माह में तैयार हो जाएगा। गंगा के 84 घाटों पर एकरूपता से सूचना पट्ट लगाए जाने का निर्माण कार्य इसी वर्ष के अंत तक हो जाएगा। पांडेयपुर, चकरा, सोनभद्र, नदेसर एवं चितईपुर के तालाबों का 15.40 करोड़ रुपए से विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्य जनवरी,2021 तक हो जाएगा। इसी के साथ चार पार्कों का सुंदरीकरण भी होगा। रीडिवेलपमेंट आफ वार्ड आफ ओल्ड काशी के कालभैरव, कामेश्वर महादेव, राजमंदिर, जंगमबाड़ी एवं दशाश्वमेध वार्ड का 75.73 करोड़ रुपये से कार्य जुलाई, 2021 तक पूर्ण कर लिए जाएंगे। शहर के 720 स्थलों पर एडवांस सर्विलांस कैमरा स्थापना की 128 करोड रुपए की परियोजना मार्च, 2021 तक पूर्ण हो जाएगी। स्मार्ट सिटी मिशन में दशाश्वमेध घाट के पुनर्विकास, खिड़कियां घाट के पुनर्विकास के कार्य प्रारंभ हो चुके हैं। इसके अतिरिक्त इलेक्ट्रिकल स्काडा, विद्युत बस स्टेशन चार्जिंग स्टेशन स्थापना आदि कार्य हेतु टेंडर प्रक्रिया की जा रही है।

*जनपद वाराणसी का कोरोना संक्रमित का रिकवरी रेट 91.4 फीसदी हैं*
            मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोरोना से बचाव एवं चिकित्सकीय व्यवस्था की भी विस्तार से समीक्षा की। जनपद में कोरोना से मृत्यु दर 1.6 फीसदी हैं। अब तक 338877 लोगों की टेस्टिंग हो चुकी है। पॉजिटिव रेट 5.2 फीसदी हैं। कोरोना पॉजिटिव मरीजों के चिकित्सा हेतु 1462 बेड उपलब्ध है। राज्य सरकार, स्टेट फाइनेंस कमिशन व नेशनल हेल्थ मिशन द्वारा बीएचयू व जनपद स्वास्थ्य विभाग को 11.38 करोड़ रुपए कोरोना से बचाव व चिकित्सकीय की व्यवस्थाओं हेतू उपलब्ध कराया गया है। कमिश्नर दीपक अग्रवाल एवं जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने प्रजेंटेशन के माध्यम से विकास एवं निर्माणाधीन परियोजनाओं के साथ-साथ कोरोना चिकित्सा व्यवस्था के संबंध में अवगत कराया।
            बैठक में उत्तर प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति, धर्मार्थ कार्य एवं प्रोटोकॉल राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉक्टर नीलकंठ तिवारी, स्टांप एवं न्यायालय पंजीयन शुल्क राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रविंद्र जायसवाल के अलावा एमएलसी लक्ष्मण आचार्य, एमएलसी अशोक धवन, विधायक डॉ अवधेश सिंह, विधायक सुरेंद्र नारायण सिंह सहित अन्य विभागों के  अधिकारी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

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