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Tuesday, 29 December 2020

VARANASI बीएचयू में मना कांग्रेस का 136वां स्थापना दिवस, किसान के सवाल पर आयोजित हुई संगोष्ठी

कैलाश सिंह विकास वाराणसी

बीएचयू में मना कांग्रेस का 136वां स्थापना दिवस, किसान के सवाल पर आयोजित हुई संगोष्ठी


वाराणसी। एनएसयूआई बीएचयू और प्रोफेशनल कांग्रेस के संयुक्त तत्वावधान में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 136वें स्थापना दिवस के अवसर पर "खेती किसानी के सवाल और कांग्रेस की भूमिका" विषय पर विश्वविद्यालय परिसर में संगोष्ठी आयोजित की गई। संगोष्ठी के दौरान किसान आंदोलनों में कांग्रेस की भूमिका और किसानों के समक्ष खड़ी वर्तमान और भविष्य की समस्याओं पर चर्चा परिचर्चा का कार्य किया गया। 
मुख्य वक्ता प्रो. सतीश राय ने कहा कि,“ कांग्रेस ने भारतीय जनमानस में अखिल भारतीयता की भावना को भर दिया, गांधी ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को एक जन आंदोलन में तब्दील कर के उसे आम जनमानस से जोड़ दिया, किसान आंदोलन इस जन आंदोलनों के प्रवाह में एक धारा मात्र ही थी, कांग्रेस का इतिहास संघर्षों से भरा हुआ है और आज भी कांग्रेस उसी परंपरा का निर्वहन कर रही है।”
डॉ शार्दूल चौबे ने कहा कि, “कॉन्ट्रैक्ट फार्मिंग किसानों को पंगु बनाने की एक साज़िश है, सरकार की नीयत पूंजीपतियों को मजबूत बनाने और किसानों को मजबूर बनाने की है।”
पूर्व एमएलसी प्रत्याशी संजीव सिंह ने कहा कि,“कांग्रेस का इतिहास समावेशी रहा है और चंपारण से लेकर हरित क्रांति तक कांग्रेस किसानों के साथ खड़ी रही है और आज भी किसानों के साथ ही खड़ी है, सरकार किसानों के आंदोलन को बदनाम करके कुचलने का प्रयास कर रही है”।
कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष प्रजानाथ शर्मा ने कहा कि,“कांग्रेस आंदोलनों से जन्मी पार्टी है, गांधीजी के आव्हान पे सरदार पटेल बारदोली के किसान आंदोलन में कूद पड़े, आज कांग्रेस उन्ही के आदर्शों पे चलते हुए किसानों के हक़ की लड़ाई लड़ रही है।”
एनएसयूआई के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि,“छात्र समुदाय एक जागरूक वर्ग है और हम किसान परिवार से संबंध रखते हैं इसलिए किसानों के हितों के लिये अगले मोर्चा पर लड़ने को तैयार खड़े हैं।”
एआईपीसी के जिलाध्यक्ष वरिष्ठ नेत्र चिकित्सक डॉ अनुराग टंडन ने कहा कि,“किसानों की राय जाने बिना लागू किये गए कृषि कानूनों को बिना किसी शर्त वापस लेना होगा।”
धन्यवाद ज्ञापन डॉ अवधेश सिंह ने किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रजानाथ शर्मा और संचालन विक्रांत सिंह ने किया।
कार्यक्रम के दौरान, डॉ वैभव, डॉ अजय त्यागी, डॉ विकास सिंह, धनंजय त्रिपाठी, जियाउल हक, श्याम बाबू मौर्या, दीपक राजगुरु, अभिनव मणि त्रिपाठी, अनिक देव सिंह, शिवम शुक्ला, ऋषभ पाण्डेय, अभिषेक त्रिपाठी, राणा रोहित, विशाल चौबे, बेबी पटेल, अभिषेक, गौरव राव, प्रिंस पाण्डेय आदि छात्र मौजूद रहे।


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