देवरिया। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी की ओर से रविवार को देवरिया के सोनूघाट स्थित जनता इंटर कॉलेज परिसर में सामाजिक समरसता महारैली का आयोजन किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने उत्तर प्रदेश के पुनर्गठन को लेकर बड़ा दावा किया।
ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि आने वाले समय में उत्तर प्रदेश चार हिस्सों में विभाजित होगा। उन्होंने अलग पूर्वांचल राज्य की मांग का जिक्र करते हुए कहा कि यदि पूर्वांचल अलग राज्य बनता है तो वहां राजभर समाज का बेटा मुख्यमंत्री बनेगा। उन्होंने इस मुद्दे को अपने राजनीतिक अभियान से भी जोड़ते हुए कार्यकर्ताओं और समर्थकों से संगठन को मजबूत करने की अपील की।
रैली में राजभर ने पिछड़े वर्गों के प्रतिनिधित्व और आरक्षण का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण में आबादी के अनुपात में हिस्सेदारी की मांग दोहराई। साथ ही उन्होंने अपने संबोधन में सपा, बसपा और कांग्रेस पर भी निशाना साधा और अपने समर्थकों से राजनीतिक रूप से सतर्क रहने की अपील की।
राजभर ने सरकार की ओर से गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए चल रही आवास, शौचालय, बिजली और सड़क जैसी योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि विकास योजनाओं का लाभ पात्रता के आधार पर लोगों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने युवाओं को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने और किसानों को सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात भी कही।
अभी कोई सरकारी निर्णय नहीं
उत्तर प्रदेश को अलग-अलग राज्यों में बांटने की मांग पहले भी राजनीतिक रूप से उठती रही है। वर्ष 2011 में तत्कालीन मायावती सरकार ने विधानसभा में प्रदेश को पूर्वांचल, बुंदेलखंड, पश्चिम प्रदेश और अवध प्रदेश में बांटने का प्रस्ताव पारित किया था। हालांकि वर्तमान समय में उत्तर प्रदेश के चार हिस्सों में विभाजन या अलग पूर्वांचल राज्य के गठन को लेकर कोई नया सरकारी या प्रशासनिक निर्णय सामने नहीं आया है।
इसलिए देवरिया की रैली में ओम प्रकाश राजभर द्वारा कही गई बातें फिलहाल उनके राजनीतिक रुख और दावे के तौर पर ही देखी जा रही हैं।
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