window.googletag = window.googletag || {cmd: []}; googletag.cmd.push(function() { googletag.defineSlot('/22657439987/11', [MISSING_WIDTH, MISSING_HEIGHT], 'div-gpt-ad-1638413600492-0').addService(googletag.pubads()); googletag.pubads().enableSingleRequest(); googletag.enableServices(); }); फर्रुखाबाद-सरकारी अस्पताल में प्रसूताओं से अवैध बसूली - Tahkikat News

आज का Tahkikat

Tuesday, 25 December 2018

फर्रुखाबाद-सरकारी अस्पताल में प्रसूताओं से अवैध बसूली

रिपोर्ट - पुनीत मिश्रा
 
जिले के सरकारी अस्पतालों में अवैध वसूली का काम पर जिले के अधिकारी लगाम नही लगा पा रहे है।जिसकी शिकायत ग्रामीण स्थानीय अधिकारियों से करते रहते है लेकिन उनकी मिलीभगत होने से प्रसूताएं व उनके तीमारदार परेशान होते रहते है
 
 
 
ताजा मामला सीएचसी मोहम्दाबाद का सामने आया है।जिसमे प्रसूता की सास रामकली ने आरोप लगाया कि एम्बुलेंस 108 के ड्राइवर ने 200 रुपये एनम ने बच्चा पैदा होने पर 500 रुपये लिए है।दूसरी तरफ अन्य प्रसूताओं ने आरोप लगाया कि रात में प्रसव कराने आने पर अस्पताल में खाना के साथ ओढ़ने को कम्बल भी नही दिया जाता है घर से अस्पताल आने के लिए सभी इंतजाम करके आना पड़ता है।
 
 
 
यदि किसी कर्मचारी से किसी सामान की मांग भी की जाती है तो नाराज हो जाते है।वही अस्पताल के अंदर प्रसूताओं के लिए बने शौचालयो में इतनी गंदकी है कि अन्य बीमारियां होने का डर बना रहता है।अस्पताल में सफाई न के बराबर है चारो तरफ गंदकी ही गंदकी दिखाई देती है।जबकि सरकार द्वारा अस्पताल को साफ सुथरा रखने के लिए अलग से बजट दिया जाता है फिर भी कर्मचारी अपनी जेबें भरने के लिए कोई कार्य नही करते है।
 
 
अस्पताल में चल रही अवैध बसूली को लेकर जब सीएमओ अरुण कुमार उपाध्याय से बात की गई तो उन्होंने अपने कर्मचारियों का पक्ष रखते हुए बताया कि मेरे पास ऐसी कोई शिकायत नही आई है यदि अवैध बसूली की जा रही है तो जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्यवाही की जायेगी।

No comments:

Post a Comment

तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।