window.googletag = window.googletag || {cmd: []}; googletag.cmd.push(function() { googletag.defineSlot('/22657439987/11', [MISSING_WIDTH, MISSING_HEIGHT], 'div-gpt-ad-1638413600492-0').addService(googletag.pubads()); googletag.pubads().enableSingleRequest(); googletag.enableServices(); }); उन्नाव_पंचतत्व में विलीन हुए शहीद शशिकांत - Tahkikat News

आज का Tahkikat

Wednesday, 20 March 2019

उन्नाव_पंचतत्व में विलीन हुए शहीद शशिकांत




रिपोर्ट :उमेश शुक्ला

छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में शहीद उन्नाव के सीआरपीएफ जवान शशिकांत तिवारी का पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन हो गया.. 
शहीद के पार्थिव को सीआरपीएफ की तरफ से गार्ड ऑफ ऑनर देकर नम आंखों से विदा किया गया..शहीद के पार्थिव शरीर को बेटे के साथ साथ उन्नाव डीएम देवेंद्र कुमार पांडेय.. और एसपी माधव वर्मा के साथ सांसद साक्षी महाराज ने भी कंधा दिया..उसके बाद अंतिम यात्रा में हजारों का हुजूम उमड़ा और शहीद के परिवार को सरकार की तरफ से 25 लाख की सहायता भी दीई गई..इस दौरान प्रदेश के विधान सभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित जिला के प्रभारी मंत्री रमापति शास्त्री व सांसद साक्षी महाराज भी मौजूद रहे..



नक्सली हमले में शहीद हुए सीआरपीएफ जवान शशिकांत तिवारी का शरीर आज पंचतत्व में विलीन हो गया.. शहीद शशिकांत के बेटे देवांश ने मुखाग्नि दी वही इस अवसर पर गंगाघाट में हजारो की भीड़ उमड़ी वही सरकार की तरफ से शहीद के परिवार को 25 लाख की सहायता दी विधान सभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित जिला के प्रभारी मंत्री रमापति शास्त्री ने परिवार को सांत्वना दी...आपको बताते चलें शहीद शशिकांत तिवारी इससे पहले संसद की सुरक्षा में भी पहरेदारी कर चुके हैं.. शशिकांत तिवारी के परिवार से कई लोग फोर्स में है.. पिता और भाई यूपी पुलिस का हिस्सा रह चुके हैं.. इस दौरान सरकार की तरफ से शहीद के परिवार को 25 लाख की चेक और एक सदस्य को नौकरी भी देने का ऐलान किया गया है..




No comments:

Post a Comment

तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।