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आज का Tahkikat

Friday, 30 November 2018

लखनऊ - सरकार के इस निर्णय से गन्ना किसानों को मासूसी हाथ लगी और वे आक्रोषित

 चीफ रिपोटर UP - चन्द्र मोहन तिवारी 
  राष्ट्रीय लोकदल के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल दुबे ने प्रदेश  सरकार पर किसानों के साथ विष्वासघात करने का आरोप लगाते हुये कहा है कि सरकार ने वर्तमान पेराई  में गन्ना मूल्य में एक पैसे की भी वृद्वि न करके गन्ना किसानों की उम्मीदों पर पानी फेरने का काम किया है सरकार के इस निर्णय  से गन्ना किसानों को मासूसी हाथ लगी और वे आक्रोषित है। सरकार के निर्णय पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये  दुबे ने कहा कि प्रदेश  के मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमण्डल ने प्रदेश  को भगवान भरोसे छोडकर दूसरे राज्यों में डेरा जमा रखा है सरकार की उपेक्षा का आलम यह है किसानो का गन्ना मूल्य तय करने तक के लिए कैबिनेट बैठक करने का भी समय नहीं मिला और कैबिनेट बाई सर्कुलेश न द्वारा गन्ने के मूल्य को पिछले वर्ष की भांति यथावत रखने का निर्णय किया गया है जोकि किसानों के साथ अन्याय तो है ही बल्कि गन्ना मूल्य वृद्वि की आस संजोए किसानों के साथ बहुत बडा धोखा है।

 दुबे ने आज लखनऊ में कहा कि उ0प्र0 सरकार सभी क्षेत्रों में पूरी तरह विफल साबित हो रही है न तो प्रदेश  की सभी चीनी मिले चल रही है और न ही सरकारी धान क्रय केन्द्र पूरी तरह से खुले हैं जिसके कारण किसान का गन्ना या तो खेतों में खड़ा  सूख रहा है या औने पौने दामों में बिचैलियों को बेचा जा रहा है। सरकार के इस उपेक्षापूर्ण रवैये से किसान दोहरी मार झेलने को मजबूर है। एक तरफ किसान गन्ने की फसल औने पौने दामों पर बेच रहा है दूसरी तरफ गन्ना खेतों में सूखने के कारण गेहूं की बुवाई के लिए खेत खाली नहीं हो पा रहे हैं वही दूसरी तरफ सरकारी धान क्रय केन्द्रों पर ताला लगा होने के कारण धान किसान क्रय केन्द्रों से वापस आकर बिचैलिये के हाथों अपना धान औने पौने दामों में बेचने को विवश  है और पूरी सरकार अन्य राज्यों में हो रहे विधान सभा के चुनाव प्रचार में मशगूल है। 
 दुबे ने कहा कि पूरी सरकार बाहर होने के कारण प्रदेश  की व्यवस्था चरमरा गयी है सारे विकास कार्य ठप हैं किसान नौजवान तथा सभी वर्गो के लोग परेशान न हैं। कानून व्यवस्था दिन प्रतिदिन बिगड रही है। प्रदेश  की जेलों में अपराधी मौज मस्ती कर रहे और  बेखौफ होकर हत्या, लूट, जैसे जघन्य अपराधों रचना रच रहे हैं। पुलिस की उपस्थिति में तथा जेलों में हत्या हो रही है और देखने सुनने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार के इस रवैये के खिलाफ राष्ट्रीय लोकदल चुप नहीं बैठेगा और किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य दिलाने के लिए सघर्ष जारी रखेगा। यदि किसानों के साथ सरकार ने अन्याय और शोषण बंद न किया तो जिस प्रकार आज दिल्ली कूच पर है उसी तरह लखनऊ कूच करने का काम करेगा।  

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