window.googletag = window.googletag || {cmd: []}; googletag.cmd.push(function() { googletag.defineSlot('/22657439987/11', [MISSING_WIDTH, MISSING_HEIGHT], 'div-gpt-ad-1638413600492-0').addService(googletag.pubads()); googletag.pubads().enableSingleRequest(); googletag.enableServices(); }); वाराणसी: नगर आयुक्त से तालाब की ड्रेजिंग कराने की मांगसीएनडीएस ने पुष्कर तालाब का किया आधा-अधूरा सुन्दरीकरण - Tahkikat News

आज का Tahkikat

Friday, 25 December 2020

वाराणसी: नगर आयुक्त से तालाब की ड्रेजिंग कराने की मांगसीएनडीएस ने पुष्कर तालाब का किया आधा-अधूरा सुन्दरीकरण

कैलाश सिंह विकास वाराणसी

नगर आयुक्त से तालाब की ड्रेजिंग कराने की मांग
सीएनडीएस ने पुष्कर तालाब का किया आधा-अधूरा सुन्दरीकरण

वाराणसी,24 दिसम्बर।   अस्सी स्थित पुष्कर तालाब की ड्रेजिंग व तालाब में फाउण्टेन लगाने की मांग जागृति फाउण्डेशन ने नगर आयुक्त से की है।  गुरूवार को नगर आयुक्त को ज्ञापन देने गये संस्था के लोग नगर आयुक्त के कार्यालय में नहीं आने पर ज्ञापन नगर आयुक्त कार्यालय में रिसिव कराया गया।  नगर आयुक्त को दिये ज्ञापन में संस्था ने कहा है साढ़े चार करोड़ की लागत से तालाब का सुन्दरीकरण का कार्य सीएनडीएस द्वारा कराय जा रहा था, जिसके तहत तालाब की पानी के अन्दर ड्रेजिंग और तालाब के बीचोबीच फाउण्टेन भी लगाना था लेकिन कार्यदायी संस्था ने यह कार्य नहीं किया है।  संस्था के महासचिव रामयश मिश्र ने कहा कि तालाब से कई बार जलकुंभी निकाला गया लेकिन बार-बार तालाब में जलकुंभी हो जा रहा है उसका एक ही तरिका है कि तालाब का ड्रेजिंग कर पानी निकाला जाय और तालाब की तलहटी की सफाई की जाय।  तालाब के सुन्दरीकरण के प्रोजेक्ट में कार्यदायी संस्था को यह कार्य करना था लेकिन उसने यह कार्य नहीं किया। रामयश मिश्र ने कहा कि साथ तालाब के बीचो बीच पानी के रिचार्ज के लिए फाउण्टेन भी लगाना था जिससे तालाब का पानी शुद्ध बना रहे है लेकिन वह भी कार्य नहीं हुआ।

No comments:

Post a Comment

तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।