कानपुर : स्वास्थ्य महकमा अब तक सिर्फ औपचारिकता से कोरोना वायरस पर निभा रहे सहभागिता - तहकीकात न्यूज़ | Tahkikat News |National

आज की बड़ी ख़बर

Friday, 3 April 2020

कानपुर : स्वास्थ्य महकमा अब तक सिर्फ औपचारिकता से कोरोना वायरस पर निभा रहे सहभागिता

ब्यूरो कानपुर देहात:अरविन्द शर्मा

कोरोना वायरस के भय से लोग शासन के निर्देशों के चलते घरों में है कैद किंतु व्यवस्थाओं के नाम पर टोटा

जरूरतमंदों को मास्क व सैनेटाइगर तक उपलब्ध नहीं यहातक कि सीएमओ का सीयूजी नम्बर तक बन्द चल रहा है


कानपुर देहात जनपद में लाक डाउन चल रहा है जहां लोग इधर उधर आ जा नहीं पा रहे हैं बाहर निकले तो पूछताछ शुरू होती है अगर बहस करें तो पुलिस अच्छी खासी सिकाई भी कर देती है लेकिन जनपद में जहां दानदाताओं ने कोरोना के बचाव हेतु सांसद विधायक एमएलसी  अधिकारी कर्मचारी सहित समाजसेवियों ने काफी धन जुटा अच्छी खासी सहायता राशि  इकट्ठा की । लेकिन अब जरा ग्राउंड रिपोर्ट के आधार पर व्यवस्थाओं की बात कर ले अगर हम जिले की मरीजों की बात करें तो अब तक जनपद में कुल 18 मरीज आईसुलेट किए गए  जिसमें 7 मरीज डिस्चार्ज होकर अपने घर जा चुके हैं चार व्यक्तियों का कोरोना होने के शक में लखनऊ परीक्षा हेतु सैंपल भी भेजा गया। जिसमें 3 मरीजों की रिपोर्ट आने पर उन रिपोर्टों मे कोरोना नेगेटिव पाया गया है इसी कड़ी में अभी एक मरीज की रिपोर्ट लखनऊ से आनी शेष है। अगर हम स्वास्थ्य विभाग द्वारा बचाओ सम्बन्धी इंतजाम आदि की बात करें तो स्वास्थ विभाग ने 3000 मास्क और एन95 मास्क वितरित करने का ढिंढोरा पीटा है वही अगर हम सैनिटाइजर की बात करें तो 250ml के लगभग ढाई सौ सैनिटाइजर जिले में आकर वितरित हो चुके हैं अब सवाल इस बात का है यह कहां आए इसे वितरित कर दिए इस चीज का लेखा-जोखा स्वास्थ्य विभाग के पास नहीं है इसी कड़ी में जनपद के 6 उप जिलाधिकारियों को तीन-तीन सौ मास्क उपलब्ध कराए गए थे उसमें भी उन्हें ही वितरित करने के निर्देश है जिनको भयंकर रूप से खासी आ रही हो वह दूसरे जनपद से इस जिले में आया हो या कोरोना के लक्षण रखता हो। उन्हें ही मास्क वितरित किए जाने हैं अब मास्क एन95 की बात कर ले तो इन मास्क को स्वास्थ्य विभाग के उन डॉक्टरों व अटेंडेंटो को लगाने के निर्देश थे जो कोरोना मरीज का इलाज करेंगे किंतु यहां भी ऐसा होता नहीं दिख रहा है यहां तो माती मुख्यालय के आला हुक्मरानों ने अपने बचाव में एन95 मास्क का इस्तेमाल कर रहे हैं स्थानीय लोग अफसरों से अब सवाल जवाब करने शुरू कर दिया है। आखिर हम लोग शासन प्रशासन के नियमों का पालन तो कर रहे हैं लेकिन शासन प्रशासन को दी जाने वाली भारी भरकम सहायता राशि के माध्यम से हम लोगों के लिए क्या व्यवस्थाएं हैं यहां एक आम जनमानस को तो दूर फील्ड पर कार्य कर रहे प्राइवेट सरकारी कर्मचारियों को सुरक्षा के जैसे एक मास्क व सेनेटराईजर  तक उपलब्ध नहीं कराया जा सका यही नहीं जिला स्तरीय खरीद कमेटी भी  बनकर तैयार है इसके माध्यम से कब खरीदारी होगी यह भी कोई पता नहीं है 14 अप्रैल तक चलने वाले इस लाक डाउन से लोग घरों में कैद होकर अपने आप को अब बीमार समझने लगे हैं वहीं इस मामले में शासन प्रशासन सहायता राशि के जरिए व्यवस्थाओं को लेकर कोई गंभीरता नही बरत रहा है। वहीं गैर जनपद से आए लोग गांव व सड़कों में खुलेआम घूम रहे हैं इस मामले में महज औपचारिकता पूर्ण निर्देश जारी कर मामले की इतिश्री कर दी गयी। और तो और घर मे कैद लोग गैर जनपद से आये लोगो से भयभीत है किन्तु विवाद की स्थिति न बने। सिकवा सिकायत भी लोग करने मे विवस है प्रधानो, सचिवो, लेखपालों की भी  कार्य शैली खानापूरी तक सीमित है। इस मामले में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. राजेश कटियार से बात कि जनपद मे कोरोना से बजाव की ऐसी व्यवस्था गिना दी। सायद इतनी व्यवस्था तो मेडिकल सेंटरो में भी हो पाना संभव नहीं है बातों महराज मुख्य चिकित्सा अधिकारी कोरोना जैसी महामारी मे भी आश्वासन तक ही सीमित दिख रहे हैं।

No comments:

Post a comment

तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।