शहीद बंधू सिंह के अधूरे सपनों को पूरा करने का संकल्प, टप्पू भैया बोले—2027 में मैदान में उतर चुका हूं - Tahkikat News

आज का Tahkikat

Wednesday, 12 August 2026

शहीद बंधू सिंह के अधूरे सपनों को पूरा करने का संकल्प, टप्पू भैया बोले—2027 में मैदान में उतर चुका हूं


कृपा शंकर चौधरी 

चौरी-चौरा, गोरखपुर। अमर शहीद बाबू बंधू सिंह के 168वें शहादत दिवस पर बुधवार को क्षेत्र में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। अजय कुमार सिंह ‘टप्पू भैया’ ने आर्यनगर, तरकुलहा माता मंदिर, चौरी-चौरा शहीद स्मारक और शहीद बंधू सिंह पीजी कॉलेज करमहा में स्थित प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर अमर शहीद को नमन किया।

इसके बाद शहीद बंधू सिंह पीजी कॉलेज, करमहा के सभागार में श्रद्धांजलि सभा आयोजित हुई। मुख्य अतिथि पूर्व प्राचार्य प्रद्युम्न द्विवेदी तथा विशिष्ट अतिथि प्रेम नारायण सिंह रहे। संचालन पंडित राजकुमार व्यास ने किया। सभा में धनंजय सिंह कौशिक, सुभाष पासवान एडवोकेट, अरुण कुमार सिंह, मोहम्मद यासीन, जय हिंद चौधरी, रामाज्ञा वर्मा, धनंजय सिंह सोनबरसा बाबू, पन्ने लाल राजभर सहित अन्य वक्ताओं ने बंधू सिंह के त्याग और बलिदान को याद किया।

बोले टप्पू भैया—बंधू सिंह के अधूरे सपनों को पूरा करने का संकल्प

सभा को संबोधित करते हुए अजय कुमार सिंह ‘टप्पू भैया’ ने कहा कि अमर शहीद बाबू बंधू सिंह की गौरवशाली विरासत और उनके संघर्ष को नई पीढ़ी तक पहुंचाना जरूरी है। उन्होंने अपने बड़े भाई स्वर्गीय विनय कुमार सिंह ‘बिन्नू भैया’ को याद करते हुए कहा कि उन्होंने भी शहीद बंधू सिंह की विरासत को जन-जन तक पहुंचाने और चौरी-चौरा के विकास के लिए प्रयास किया था।

उन्होंने कहा कि अपने बड़े भाई के अधूरे सपनों और बंधू सिंह के संघर्ष से प्रेरणा लेकर उन्होंने चौरी-चौरा के विकास के लिए काम करने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि वह 2027 के विधानसभा चुनाव में चौरी-चौरा से चुनाव मैदान में उतर चुके हैं।

जाति-धर्म की राजनीति के बजाय विकास पर जोर देने की बात

टप्पू भैया ने कहा कि चौरी-चौरा की पहचान स्वतंत्रता संग्राम की ऐतिहासिक धरती के रूप में है। इसके बावजूद क्षेत्र की कई समस्याएं आज भी बनी हुई हैं। उन्होंने सरैया-सरदारनगर क्षेत्र के पुराने औद्योगिक और खेलकूद महत्व का उल्लेख करते हुए विकास की जरूरत पर जोर दिया।

उन्होंने कहा कि उनकी नजर में जाति, पार्टी और धर्म के आधार पर होने वाले राजनीतिक विभाजन का असर क्षेत्र के विकास पर पड़ता है। स्थानीय समस्याओं के समाधान के लिए स्थानीय नेतृत्व और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही जरूरी है।

ओवरब्रिज और भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया

चौरी-चौरा नगर पंचायत में रेलवे क्रॉसिंग पर जाम की समस्या के समाधान के लिए प्रस्तावित ओवरब्रिज का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने निर्माण से जुड़े बदलावों और मुंडेरा बाजार की स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की आधारभूत समस्याओं के समाधान के लिए जनप्रतिनिधियों को जवाबदेह होना चाहिए।

टप्पू भैया ने प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में हो रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके अनुसार चौरी-चौरा विधानसभा क्षेत्र में स्थानीय स्तर पर भ्रष्टाचार और जनसमस्याएं अभी भी चुनौती बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि जनता का आशीर्वाद मिला तो थाना, तहसील और ब्लॉक स्तर पर दलाली की व्यवस्था खत्म कराने के लिए पूरी ताकत से काम करेंगे।

श्रद्धांजलि सभा में बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक, कार्यकर्ता और गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने अमर शहीद बाबू बंधू सिंह के त्याग, शौर्य और राष्ट्रभक्ति को नमन करते हुए उनके बलिदान को याद किया।


इस दौरान राजेश्वर सिंह, राम नवल सिंह, छोटेलाल विश्वकर्मा, मुन्ना भगत, डिंपल सिंह, अनिरुद्ध पासवान, गणेश चौधरी, रामनाथ चौधरी, तारकेश्वर शुक्ला, राघवेंद्र सिंह, अर्जुन प्रसाद, भास्कर शर्मा, प्रेम शंकर ओझा, अनंत सिंह, राधेश्याम राजभर, मोहन राजभर, धर्मेंद्र राजभर, विनोद जायसवाल, दीपक कुमार सिंह, चंद्रभान गिरी, मुनि पासवान, राम सजन पासवान, संदीप तिवारी, गोरख शुक्ला, मनीष सिंह, यासीन अली, पवन चौहान, पूर्णेन्दु मिश्रा, राम भजन पासवान, अंबिका पासवान, अवधेश सिंह, पुरुषोत्तम सिंह, राजेश पासवान, जोखन राजभर, अजय निषाद, दयानंद पटेल, बबलू चौहान, झीनक तिवारी, इसराइल शाह, गुड्डू पांडे, भगवत प्रसाद निषाद, राधेश्याम यादव, राजू सिंह, बृजेश सिंह, जयप्रकाश सिंह, रमाशंकर सिंह, कयामुद्दीन अली, संत प्रसाद पासवान, वेद प्रकाश सिंह, शिवहरि सिंह, सुरजीत सिंह, आदित्य तिवारी, बाल गोविंद शर्मा, अभिषेक राजभर, आकाश विश्वकर्मा, धनंजय शर्मा, सतेंद्र सिंह, बृजेश विश्वकर्मा सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।


No comments:

Post a Comment

तहकीकात डिजिटल मीडिया को भारत के ग्रामीण एवं अन्य पिछड़े क्षेत्रों में समाज के अंतिम पंक्ति में जीवन यापन कर रहे लोगों को एक मंच प्रदान करने के लिए निर्माण किया गया है ,जिसके माध्यम से समाज के शोषित ,वंचित ,गरीब,पिछड़े लोगों के साथ किसान ,व्यापारी ,प्रतिनिधि ,प्रतिभावान व्यक्तियों एवं विदेश में रह रहे लोगों को ग्राम पंचायत की कालम के माध्यम से एक साथ जोड़कर उन्हें एक विश्वसनीय मंच प्रदान किया जायेगा एवं उनकी आवाज को बुलंद किया जायेगा।